उसे याद था जब उनका विवाह हुआ था
बहुत गोरा, बिखरे बाल और मोती मोती आँखें. बहुत शर्मीला था. मोटा होने के कारण बिलकुल किसी गुड्डे की तरह दीखता था. वो शादी के लिए तैयार हो रही थी तो दीदी के साथ वो भी उसके कमरे में आया था. तब वो शर्माता हुआ दीदी के पीछे छुप रहा था. दीदी झल्लाते हुए बोली,
“अरे महेश क्या कर रहे हो, मामी हैं तुम्हारी.