मेरे लण्ड ने भी उसके अन्दर पिचकारी छोड़ दी। उस दिन दोस्तों, मैंने उसे पाँच बार चोदा, और हमारा चुदाई का यह सिलसिला चालू हो गया। मैं उसे आज तक चोद रहा हूँ, हालाँकि उसकी शादी हो चुकी है, लेकिन फिर भी जब भी मौका मिलता है, वह मुझसे चुदवा लेती है। चोदोचुदो डॉट कॉम में अपनी कहानियाँ भेजने वालों को गीता का प्रणाम ! खुली फुदी से मेरी कहानी पढ़ने वालों को प्रणाम ! यानि की गीता मेहरा का नमस्कार !
बहुत सी कहानियाँ पढ़ी जिन्हें पढ़ते ही चूत में आग लग जाती है, इस तरह मैंने भी अपनी ज़िंदगी के अब तक के सफ़र में कितना और कैसे चुदवाया? आज पहली दास्तान –
अब तो मैं शादीशुदा हूँ।