सूरी के जाने के बाद वकार ने मुझसे मेरा नाम पूछा तो मैंने अपना असली नाम सानिया खान बता दिया। उन्होने फ़िर पूछा- पठान हो?
मैंने हाँ मे सर हिलाया तो पहली बार मुझे छुआ उन्होंने। मेरा हाथ अपने हाथ में लेकर बोले- डरो मत, इस तरह चुप मत रहो। बात करो ! तुम तो चुदा चुकी हो, तुम्हें सब पता है। तुम्हारी मर्जी है ना इस काम की, या सूरी किसी मजबूरी में पकड़ लाया है?
मैंने कहा- ऐसी बात नहीं है।