About:

“मेडम …… एक बात कहूं …… मैं तो मर गया… खास कर आपकी मुसकराहट पर……” उसने अपनी तरफ़ हाथ पकड़ कर खीन्चा । मै जान कर के रमेश से टकरा गयी। “हाय …… दूर रहो……” मैने रमेश को प्यार से धकेल दिया और अपने को छुड़ा लिया। मैं मुसकराती हुयी बाहर चली आयी। मुझे लगा आज काम फ़िट हो गया। मुझे उसके हाथों का स्पर्श अभी भी महसूस हो रह था।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*