ये कपड़े की दीवार हटा दें. . . पर कण्डोम तो लगा लूँ?”
“समधी जी, आपको मेरी कसम ! अपनी आंखें बन्द कर लो, और आप चिन्ता ना करें, मैंने ऑपेरशन करा रखा है। ”
“वाह जी तो अब शरम किस बात की, यहां बस आप और हम ही है ना, बस अपनी चूत के द्वार खोल दो जी !”
“क्या कहा . . . चूत का . . . आह और कहो . . . ऐसे प्यारे शब्द मैंने पहली बार सुने हैं !”
“सच, तो ले लो जी मेरा सोलिड लण्ड अपनी भोसड़ी में.