About:

यानी मेरे सामने खड़ी औरत लल्लन की बीबी थी. “जी बाबूजी राजू बेलदार मेरा भाई है कल रात से घर नही आया तो मैने सोचा की आपके यहाँ देख लूँ” वो बड़ी प्यारी मुस्कुराहट के साथ बोली. मुझे उसकी मुस्कुराहट बड़ी सूंदर लगी. मैने उसे अंदर आने के लिए कहा तो वो अंदर आकर नीचे ज़मीन पर बैठने लगी”अरे नीचे नही सोफे पर बैठो” वो शरमाती हुई सोफे पर बैठ गयी .

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*