चलो नमस्ते कहो. . . जल्दी नमस्ते बोलो नहीं तो मामी को बुरा लगेगा. ”
“नहीं दीदी बुरा क्यों लगेगा. यह गोलू तो अपनी मामी को एक पप्पी देगा. देगा न गोलू?”
फिर उसने महेश के गाल खींच के उसे एक गाल में पप्पी दे दी. वो शर्मा के कमरे से भाग गया था!
उसके बाद भी कई दफा वो उससे मिली थी. हमेश उसे छेडा करती थी और गाल पे पप्पी देने के बाद उसे हलके से काट देती, जिससे वो रोने लगता.