फाड़ दे मेरी चूत ! निकाल दे आज सारी जलन मेरी चूत की !
और उन्होंने मुझे अपने वक्ष में दबा लिया और कहने लगी- पी ले सारा दूध इनका ! कुछ मत छोड़ इनमें ! समा जा मेरे अन्दर !
मैं भी मन ही मन खुश हो गया और कहने लगा- मेरा तो जैकपॉट लग गया है आज !
मेरी मुराद पूरी हो रही थी एक ही दिन में दो बार !
मैंने कहा- ठीक है माँ ! आप इतना कहती हैं तो !
मैं उनकी चूचियाँ दबाने और चूसने लगा ब्लाऊज़ के ऊपर से ही।