About:

पर घर में ताला था। शाम को जब सेठ जी आये तो मैं उनके पास गई। उन्होंने सारा काम बता दिया। विनय सेठ कोई ३५ साल के थे। और मधुर स्वभाव के थे। मैंने झटपट शाम का खाना बनाया . . . मेरा खाना क्वार्टर में ही अलग बनता था। उसने हिदायत दी कि मुझे हमेशा नहा धो कर साफ़ रहना है . . . साफ़ कपड़े . . . बाल बंधे हुए .

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*