नीचे आते ही वह मुझसे लिपट गई और बोली, “मैं भी तुमसे बहुत प्यार करती हूँ, लेकिन चाहती थी कि तुम्हीं पहले बोलो। ”
मुझे तो मानों जन्नत मिल गई, मैं समझ गया कि वो भी चुदासी हो रही है। फिर मैंने देर न करते हुए अपने होंठ उसके होठों पर रख दिये। उसने कुछ नहीं कहा, बल्कि वो मेरा साथ देने लगी। उसके हाथ अब मेरी गर्दन पर लिपट गये, इससे मेरी हिम्मत बढ़ गई।