तभी भाभी भी आ गयी वो ब्रा ओर पेंटी मे
थी. अफ मे बेचैन हो रहा था. वो मुस्कुरई- बोली मे बारिश मे
नहाने जा रही हून, तुम नहाऊगे? मेने माना किया तो वो ज़बरदस्ती
मुझे बारिश मे खीचने लगी. मे समझ गया नहाना ही पड़ेगा. फिर
भी मेने बहाना किया मेरे पास कपड़े ओर नही हैं ये भीग जाएँगे
तो क्या पहनूंगा. वो बोली मेरी पेंटी पहन कर नहा लो फिर अपना
निक्कर पहन लेना.