About:

” जय अपने लन्ड को उसकी चूत की और गैहराइयों तक पेलने लगा. जय सोच रहा था की रिया शायद उसके प्यार को कभी समझ नही पायेगी. आज जो कुछ उसने राज के साथ किया उसका गुस्सा तो कम हो चुका था, पर उसे पता था की रिया कभी उसकी नही हो सकेगी. हमेशा और कयी होंगे उसके लिये. यही सब सोचते हुए वो अपने लन्ड को और ज़ोर ज़ोर से उसकी चूत के अन्दर बाहर करने लगा.

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*