About:

मुझे अब पेशाब लग रही थी, सो मैं बिस्तर से उठ गया। अब दोनों लड़कियाँ भी उठ कर कपड़े पहनने लगीं। आधे घन्टे बाद चाय-बिस्कुट के साथ सानिया अपनी पहली चुदाई का अनुभव बता रही थी। रागिनी ने उसे समझाया कि अभी एक-दो बार और दर्द महसूस होगा पर ऐसा नहीं, मीठा दर्द लगेगा, उसके बाद जब बूर का मुँह पुरा खुल जायेगा तब बिल्कुल भी दर्द नहीं होगा, चाहे जैसा भी लण्ड भीतर डलवा लो।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*