About:

कुछ तो करो मामी. ” कहते हुए चंदा का हाँथ पकड़ अपने लंड पर पैन्ट के ऊपर से ही रख दिया. चंदा को अपने भूखे भांजे पर थोड़ी हंसी आई, क्यूंकि वह उससे लगभग सम्भोग कि भीख मांग रहा था. लेकिन उसपर प्यार भी आ रहा था और दया भी. उसकी भी चूत व्याकुल थी महेश के लंड के लिए. झटपट उसने एक तरकीब निकाली. बाथरूम का दरवाज़ा खोला और महेश को अंदर खींच कर दरवाज़ा अंदर से बंद कर लिया.

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*