अगली रात को किसी बहाने दोनों बहनों ने मिलकर मुझे रात को सोने के लिए रोक लिया और उस रात जो मज़ा आया वो शायद मैं जीवन भर नहीं भूल सकता क्योंकि क्या सगी बहनें इतनी बेशर्म भी हो सकती हैं?
दोनों ने मिलकर बारी-बारी चुदवाया लेकिन अपने पास बड़ी वाली ने सुलाया। बड़ी दीदी की तो चूत देखकर मैं हैरान रह गया। देखकर बिल्कुल ऐसी लग रही थी मानो भरवां करेला खोल कर रख दिया हो।