पूरा लंड मेरी छूट में घुसा देने के बाद उसने मेरी चुदाई शुरू कर दी. मैं दर्द के मारे चीखती रही
लेकिन मैने उसे माना नहीं किया. थोड़ी देर बाद मेरा दर्द एक दम कम हो गया तो मैने चूतड़ उठा उठा कर उसका साथ देना शुरू कर दिया. उसने
अपनी स्पीड और तेज कर दी. लगभग 10 मीं तक छुड़वाने के बाद मैं फिर से झाड़ गयी.