ठीक है ! विशाल पाँच दिनों की छुट्टी में कल आ रहा है, उसका लन्ड अभी पतला ही होगा, पहले उसी से इसको चुदवाती हूँ, दो चार बार चुदेगी तो इसकी बुर रवां हो जायेगी, फिर आप चोदियेगा। फिल हाल बेटा तुम फूफा का रस पी लो। कम से कम आज की डोज तो मिल ही जाय. . . मम्मी मुझसे बोली। (विशाल मेरा ममेरा भाई, जो गाजियाबाद से बीटेक कर रहा था)
मैंने फिर से फूफा का लन्ड चूसना चालू किया।