जब मैं स्कूल के लिए निकलने लगा तो बुआ बोली- राज. . आज स्कूल रहने दे घर पर कुछ काम है . . आज की छुट्टी ले ले !
मैं तो जैसे यही सुनने का इंतज़ार कर रहा था। मैंने झट से अपने एक दोस्त को बुला कर छुट्टी के लिए बोल दिया। कुछ ही देर के बाद एक चपरासी घर की सफ़ाई करने आ गया। मैं उसके जाने का इंतज़ार करता रहा पर उस हरामी ने पूरा डेढ़ घंटा लगा दिया।