”
मम्मी की बात सुनकर रिया गुस्से से बिस्तर से उठी. “आप हमे क्या सम्झती हैं, पैहले तो पापा के साथ ऐसा व्यवहार करती रही. उन्हें जाने से रोकने के बदले आप चुप चाप बैठी रहीं. आपने हमे जन्म ज़रूर दिया है लेकिन आप हमारी मा कभी नही बन सकी. मुझे जब भी अपनी ज़िंदगी मे आपकी ज़रूरत पडी आपके पास मेरे लिये समय ही नही था.